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🪔 जन्म कुंडली

जन्म की तारीख, समय और स्थान भरें। जन्म विवरण सावधानी से दर्ज करें।

ग्रहों के संक्षिप्त नाम

सू — सूर्य
चं — चंद्र
मं — मंगल
बु — बुध
गु — गुरु (बृहस्पति)
शु — शुक्र
श — शनि
रा — राहु
के — केतु
ल — लग्न

↩ वक्री ग्रह क्या है?

ज्योतिष में वक्री (वक्री/वक्र) उस ग्रह की स्थिति को कहते हैं जब वह पृथ्वी से देखने पर आकाश में पीछे की ओर चलता हुआ दिखाई देता है। सूर्य और चंद्र को सामान्यतः वक्री नहीं माना जाता।

किसी ग्रह को वक्री बताने के लिए जन्म के समय की वास्तविक ग्रह-स्थिति और सही समय-क्षेत्र की गणना आवश्यक है।

✦ वर्गोत्तम क्या है?

वैदिक ज्योतिष में जब किसी ग्रह की राशि जन्म कुंडली (D1) और नवांश कुंडली (D9) में एक ही होती है, तो उसे वर्गोत्तम कहा जाता है।

वर्गोत्तम की पुष्टि के लिए ग्रह की सटीक डिग्री और नवांश की गणना करनी होती है। बिना गणना के किसी ग्रह को वर्गोत्तम घोषित नहीं किया जा सकता।

📜 ग्रह स्थिति और नवांश

ग्रहों की राशि, अंश, नक्षत्र, भाव, वक्री स्थिति और वर्गोत्तम विवरण दिखाने के लिए प्रमाणित पंचांग/ज्योतिषीय गणना इंजन आवश्यक है।

अभी यह पेज जन्म विवरण का फॉर्म और जानकारी उपलब्ध कराता है। वास्तविक कुंडली परिणाम अभी कॉन्फ़िगर नहीं हैं।